राजस्थान सरकार द्वारा 75 वर्ष या उससे अधिक आयु वाले पेंशनधारकों को विशेष लाभ दिया जाता है।
इस योजना के तहत मुख्यमंत्री वृद्धजन सम्मान पेंशन योजना में शामिल ऐसे सभी वरिष्ठ नागरिकों को
₹1,500 (पंद्रह सौ रुपये) प्रतिमाह की पेंशन राशि प्रदान की जाती है।
यह राशि सरकार द्वारा सीधे लाभार्थी के बैंक खाते में जमा की जाती है ताकि उन्हें अपने दैनिक जीवन में आर्थिक सहायता मिल सके और वे अपने वृद्धावस्था के वर्षों को गरिमा और सम्मान के साथ जी सकें।
राजस्थान सरकार द्वारा राज्य के वरिष्ठ नागरिकों के सम्मान और जीवनयापन की सुरक्षा के लिए शुरू की गई “मुख्यमंत्री वृद्धजन सम्मान पेंशन योजना” अब एक नया चरण पार कर चुकी है।
सरकार ने घोषणा की है कि अब इस योजना के अंतर्गत आने वाले सभी लाभार्थियों को अपनी KYC (Know Your Customer) प्रक्रिया पूरी करनी होगी।
यह प्रक्रिया केवल आधार कार्ड के माध्यम से ऑनलाइन या ई-मित्र केंद्र पर जाकर पूरी की जा सकती है।
यदि कोई लाभार्थी निर्धारित समय — यानी एक माह के भीतर KYC सत्यापन नहीं कराता, तो उसकी पेंशन अस्थायी रूप से बंद कर दी जाएगी।
योजना का शुभारंभ
1 नवंबर 2025 को राजस्थान के श्रम विभाग ने इस योजना की शुरुआत की।
मुख्यमंत्री ने कहा कि यह योजना राज्य के बुजुर्ग नागरिकों के लिए आर्थिक और सामाजिक सुरक्षा की गारंटी है।
इसका उद्देश्य वरिष्ठ नागरिकों को गरिमा, सम्मान और आत्मनिर्भरता के साथ जीवन जीने का अवसर देना है।
योजना के प्रमुख लाभ
- मासिक पेंशन राशि: ₹1,000 प्रति माह
- राशि सीधे लाभार्थी के बैंक खाते में जमा की जाएगी।
- योजना का लाभ राजस्थान के सभी पात्र वृद्ध पुरुषों और महिलाओं को मिलेगा।
- अब लाभार्थियों की पहचान और डेटा अपडेट के लिए आधार आधारित KYC प्रक्रिया शुरू की गई है।
- राजस्थान सरकार द्वारा 75 वर्ष या उससे अधिक आयु वाले पेंशनधारकों को विशेष लाभ दिया जाता है।
- इस योजना के तहत मुख्यमंत्री वृद्धजन सम्मान पेंशन योजना में शामिल ऐसे सभी वरिष्ठ नागरिकों को
- ₹1,500 (पंद्रह सौ रुपये) प्रतिमाह की पेंशन राशि प्रदान की जाती है।
- यह राशि सरकार द्वारा सीधे लाभार्थी के बैंक खाते में जमा की जाती है ताकि उन्हें अपने दैनिक जीवन में आर्थिक सहायता मिल सके और वे अपने वृद्धावस्था के वर्षों को गरिमा और सम्मान के साथ जी सकें।
पात्रता शर्तें
- आवेदक राजस्थान का स्थायी निवासी होना चाहिए।
- महिला आवेदक की आयु 55 वर्ष या उससे अधिक होनी चाहिए।
- पुरुष आवेदक की आयु 58 वर्ष या उससे अधिक होनी चाहिए।
- पति-पत्नी की कुल वार्षिक आय ₹48,000/- से कम होनी चाहिए।
- बीपीएल, अंत्योदय, आस्था कार्ड धारक परिवार, और सहरिया, कथौरी, खैरवा जाति के लोगों को आय सीमा से छूट दी गई है।
आवश्यक दस्तावेज़ (केवल आवेदन हेतु)
- आधार कार्ड
- जन आधार कार्ड
- बैंक पासबुक (पहला पृष्ठ)
- पासपोर्ट साइज फोटो
नोट: KYC प्रक्रिया के दौरान केवल आधार कार्ड से सत्यापन किया जाएगा।
किसी अन्य दस्तावेज़ की आवश्यकता नहीं है।
मुख्यमंत्री वृद्धजन सम्मान पेंशन योजना में KYC क्यों ज़रूरी है?
राजस्थान सरकार का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि पेंशन का लाभ सही व्यक्ति तक पहुंचे और किसी प्रकार की फर्जीवाड़े की संभावना न रहे।
इसलिए अब सभी लाभार्थियों को आधार-आधारित ई-KYC कराना अनिवार्य कर दिया गया है।
यह प्रक्रिया पूरी तरह ऑनलाइन और सरल है।
लाभार्थी इसे घर बैठे खुद कर सकते हैं या नजदीकी ई-मित्र केंद्र पर जाकर भी करवा सकते हैं।
ऑनलाइन KYC कैसे करें? (घर बैठे)
यदि आपके पास स्मार्टफोन या कंप्यूटर और इंटरनेट कनेक्शन है, तो आप घर बैठे KYC पूरी कर सकते हैं।
नीचे पूरा चरण-दर-चरण विवरण दिया गया है:
1: SSO पोर्टल पर लॉगिन करें
- वेबसाइट खोलें 👉 https://sso.rajasthan.gov.in
- अपनी SSO ID और पासवर्ड दर्ज करें।
- यदि आपके पास SSO ID नहीं है, तो “पंजीकरण करवाना” विकल्प चुनकर जन आधार या Google ID से नई ID बनाएं।
2: IFMS-RAJSSP पोर्टल खोलें
- लॉगिन करने के बाद आपके सामने डैशबोर्ड खुलेगा।
- वहाँ “IFMS-RAJSSP” विकल्प पर क्लिक करें।
- अब “KYC / Verification” सेक्शन खोलें।
3: आधार कार्ड नंबर दर्ज करें
- अपना आधार नंबर भरें और “Send OTP” पर क्लिक करें।
- आपके आधार से लिंक मोबाइल नंबर पर एक OTP प्राप्त होगा।
4: OTP सत्यापन करें
- प्राप्त OTP दर्ज करें और “Verify OTP” पर क्लिक करें।
- सत्यापन पूरा होने के बाद स्क्रीन पर आपकी पेंशन की जानकारी दिखेगी।
5: विवरण की पुष्टि करें
- अपने नाम, जन आधार नंबर और बैंक विवरण की जांच करें।
- सभी जानकारी सही होने पर “Save & Continue” पर क्लिक करें।
6: अंतिम सबमिट करें
- सभी डिटेल्स सही होने पर “Submit KYC” बटन पर क्लिक करें।
- स्क्रीन पर KYC सफल होने का संदेश आएगा।
- आप चाहें तो Acknowledgement Slip डाउनलोड कर सकते हैं।
ई-मित्र केंद्र से KYC कैसे करवाएं?
यदि आप स्वयं KYC नहीं कर पा रहे हैं, तो नज़दीकी ई-मित्र केंद्र पर जाकर यह प्रक्रिया आसानी से करवा सकते हैं।
- ई-मित्र पर जाकर बताएं कि आपको “मुख्यमंत्री वृद्धजन सम्मान पेंशन योजना” की KYC करनी है।
- अपना आधार कार्ड और जन आधार कार्ड नंबर दें।
- ई-मित्र ऑपरेटर पोर्टल पर आपका आधार नंबर दर्ज करेगा और OTP सत्यापन करेगा।
- OTP के सत्यापन के बाद आपकी KYC प्रक्रिया पूर्ण मानी जाएगी।
- सफल KYC के बाद आपकी पेंशन योजना सक्रिय बनी रहेगी।
KYC न कराने पर क्या होगा?
राजस्थान सरकार ने स्पष्ट किया है कि जो भी लाभार्थी एक महीने के भीतर KYC प्रक्रिया पूरी नहीं करेंगे, उनकी पेंशन अस्थायी रूप से रोक दी जाएगी।
जैसे ही लाभार्थी KYC पूरी कर लेंगे, पेंशन दोबारा चालू कर दी जाएगी।
इसलिए सभी वृद्धजन या उनके परिजन से निवेदन है कि समय रहते अपनी KYC प्रक्रिया पूर्ण करें, ताकि पेंशन राशि नियमित रूप से मिलती रहे।
योजना से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारी
| विषय | जानकारी |
|---|---|
| योजना का नाम | मुख्यमंत्री वृद्धजन सम्मान पेंशन योजना |
| राज्य | राजस्थान |
| विभाग | श्रम विभाग, राजस्थान सरकार |
| मासिक पेंशन राशि | ₹1,000 प्रति माह, 75 वर्ष या उससे अधिक आयु -₹1,500 (पंद्रह सौ रुपये) प्रतिमाह |
| आवेदन माध्यम | ऑनलाइन / ई-मित्र केंद्र |
| KYC माध्यम | केवल आधार कार्ड आधारित OTP सत्यापन |
| KYC अंतिम तिथि | जारी होने की तिथि से 1 माह के भीतर |
| वेबसाइट | https://sso.rajasthan.gov.in |
राजस्थान सरकार की मुख्यमंत्री वृद्धजन सम्मान पेंशन योजना राज्य के वरिष्ठ नागरिकों के लिए एक बड़ी राहत है।
अब जब सरकार ने आधार कार्ड से KYC प्रक्रिया शुरू की है, तो इसका उद्देश्य स्पष्ट है —
पारदर्शिता, फर्जीवाड़े पर रोक, और यह सुनिश्चित करना कि पेंशन का लाभ सही व्यक्ति तक पहुंचे।
यदि आप या आपके परिवार में कोई इस योजना के अंतर्गत पेंशन प्राप्त कर रहा है, तो देरी न करें —
अपनी KYC प्रक्रिया आधार कार्ड से तुरंत पूरी करें, ताकि आपकी पेंशन सुचारू रूप से जारी रहे।
आप यह कार्य घर बैठे ऑनलाइन कर सकते हैं या नज़दीकी ई-मित्र केंद्र से भी।
